नई दिल्ली। 2 जून भारत-ओमान सी ई पी ए लागू: भारतीय निर्यात को मिली बड़ी राहत, 98% टैरिफ लाइनों पर जीरो ड्यूटी।
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भारत और ओमान व्यापारिक समझौता |
इस समझौते से वस्त्र, चमड़ा, रत्न एवं आभूषण, इंजीनियरिंग उत्पाद, दवाइयाँ, कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है। पहले इन उत्पादों पर ओमान में 5 प्रतिशत तक आयात शुल्क लगता था, जो अब समाप्त हो जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह समझौता भारतीय निर्यातकों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता बढ़ाएगा और खाड़ी क्षेत्र में भारत की आर्थिक उपस्थिति को और मजबूत करेगा। साथ ही सेवाओं, निवेश और पेशेवरों की आवाजाही के नए अवसर भी खुलेंगे।
भारत ने भी बदले में ओमान के लिए लगभग 77.79 प्रतिशत टैरिफ लाइनों पर रियायत देने का निर्णय लिया है, जिससे दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को नई गति मिलने की संभावना है।
विशेष: यह समझौता भारत की "एक्ट वेस्ट" नीति को मजबूती देने के साथ-साथ मध्य-पूर्व और अफ्रीकी बाजारों तक भारतीय उत्पादों की पहुंच बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

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