भारत देश के प्रधानमंत्री को रेलवे कुली से मिलने का समय नहीं है लेकिन विदेश जाने का समय मिलता है। ऐसा क्यों।
भारत देश के प्रधानमंत्री को रेलवे कुली से मिलने का समय नहीं है लेकिन विदेश जाने का समय मिलता है ऐसा क्यों।
बिहार विधानसभा के चुनाव में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी प्रचार प्रसार में अरबों रुपए खर्च किए। इतना रूपया खर्चा करने के लिए कहां से आया इसका जवाब जनता को दें। यह देश की जनता का पैसा है। मोदी से पहले भी कई प्रधानमंत्री बने लेकिन इतना बढ़ चढ़कर हिस्सा कोई प्रधानमंत्री नहीं लिया। हमारे देश के नेता पांच साल में अरबों की सम्पत्ति अर्जित कर लेते हैं लेकिन रेल कर्मचारी, बैंक कर्मचारी अरबपति नहीं बनते हैं। जितना रूपया चुनाव प्रचार के लिए प्रधानमंत्री जी बिहार विधानसभा चुनाव में खर्च किए हैं उस पैसे के ब्याज से रेलवे कुली को प्रत्येक माह वेतन मिलता रहता मोदीजी जनता की भलाई नहीं करते हुए अपनी पार्टी और सरकार बनाने में खर्च कर देते हैं।
इनकम टैक्स, सीबीआई डिपार्टमेंट इन नेताओं के घर में छापा नहीं मारते हैं क्योंकि ये सभी लोग सांसद सदस्य केन्द्रीय मंत्री है। इन नेताओं से भय बना रहता है कि हमें नौकरी करने में कोई बाधा उत्पन्न न कर दे। मोदी जी चुनाव प्रचार में जनता को कहते थे मैं देश की जनता के एक-एक रूपया का हिसाब दूंगा किस कारण से रेलवे को निजीकरण किया जा रहा है 70% रेलवे को निजीकरण कर बड़े बड़े उद्योगपति के हाथों बेच दिया गया है ऐसा क्यों हुआ जनता हिसाब मांग रही है जबाब दें।
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