बिहार/बेगुसराय/बरौनी: आचार्य अविनाश शास्त्री ने कहा 72 वर्षों के बाद चैत्र नवरात्रि में दुर्लभ संयोग संयोग।

बिहार/बेगुसराय/बरौनी: आचार्य अविनाश शास्त्री ने कहा 72 वर्षों के बाद चैत्र नवरात्रि में दुर्लभ संयोग संयोग।
Markoni DGR Township 
चैत्र नवरात्रि में देवी दुर्गा के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है, और प्रत्येक दिन एक विशेष रूप से पूजा जाता है। हर दिन एक अलग देवी का आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए मंत्रों का जाप किया जाता है।

यहां पूरी जानकारी दी जा रही है कि कौन से दिन किस देवी की पूजा की जाती है और कौन सा मंत्र जाप किया जाता है:-
Barauni Begusarai Shokhara Choti Bhagvati Durgasthan.
बिहार बेगुसराय बरौनी सोकहारा छोटी भगवती दुर्गा स्थान

मंत्र:
पूजा: शैलपुत्री देवी को हिमालय की पुत्री और दुर्गा का प्रथम रूप माना जाता है। इनकी पूजा से स्थिरता और मानसिक शक्ति मिलती है।
मंत्र:
पूजा: यह रूप देवी दुर्गा का तपस्या और साधना के प्रतीक रूप में होता है। इनकी पूजा से तप और आत्मविश्वास की शक्ति मिलती है।
पूजा: चंद्रघंटा देवी को शांति और समृद्धि की देवी माना जाता है। इनकी पूजा से भय और तनाव से मुक्ति मिलती है।
पूजा: यह देवी सृष्टि की उत्पत्ति और शक्ति का प्रतीक हैं। इनकी पूजा से जीवन में आनंद और समृद्धि आती है।
पूजा: स्कंदमाता भगवान कार्तिकेय (Kartikeya) की माँ हैं, और इनकी पूजा से संतान सुख और बुराईयों से मुक्ति मिलती है।
6. षष्ठ दिवस (षष्ठी) - कात्यायनी माता
मंत्र:
पूजा: कात्यायनी देवी का रूप शक्तिशाली और विनाशक है। इनकी पूजा से सभी शत्रुओं का नाश होता है।
7. सप्तमी दिवस (सप्तमी) - कालरात्रि माता
मंत्र:
पूजा: कालरात्रि देवी को रात्रि के समय में बुराई का नाश करने वाली देवी माना जाता है। इनकी पूजा से अंधकार और शत्रुओं से मुक्ति मिलती है।
मंत्र:
पूजा: महागौरी देवी की पूजा से सुख-शांति और शुद्धता की प्राप्ति होती है। ये देवी सद्गुणों की प्रतीक हैं।
मंत्र:
पूजा: सिद्धिदात्री देवी को सिद्धियों और इच्छाओं की पूर्णता की देवी माना जाता है। इनकी पूजा से सभी मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।
यह नवरात्रि में दुर्गा माँ का प्रमुख मंत्र है, जो सम्पूर्ण नवरात्रि में जाप किया जा सकता है।
उपवास और साधना:- इस समय उपवास और व्रत का बहुत महत्व है। आप एक दिन फलाहार (फलों का आहार) लेकर उपवास कर सकते हैं।
साधारणत:- दिन में देवी की पूजा और मंत्र जाप से मानसिक शांति और शक्ति की प्राप्ति होती है। नवरात्रि के इन दिनों में देवी की पूजा से शुभ फलों की प्राप्ति होती है और जीवन में सकारात्मकता आती है।ै



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