।।नई दिल्ली/संसद भवन/ 22/05/2026।।
महंगाई की नई मार: पेट्रोल-डीज़ल फिर महंगा, आम आदमी परेशान
महंगाई की नई मार: पेट्रोल-डीज़ल फिर महंगा, आम आदमी परेशान
नई दिल्ली, शनिवार:

देशभर में पेट्रोल और डीज़ल की बढ़ती कीमतों ने एक बार फिर आम नागरिक की चिंता बढ़ा दी है। लगातार बढ़ते ईंधन दामों का असर अब सीधे रसोई, परिवहन और रोजमर्रा के खर्चों पर दिखाई देने लगा है। सोशल मीडिया पर भी लोगों की प्रतिक्रियाएँ तेज़ हैं, जहाँ कई लोग व्यंग्य और दोहों के माध्यम से अपनी नाराज़गी व्यक्त कर रहे हैं।
इसी बीच एक दोहा खूब चर्चा में है —
“धीरे-धीरे जल रही, जेबन की तक़दीर
पेट्रोलन संग मनवा भी, काहे होत अधीर।”
कई नागरिकों का कहना है कि उन्होंने विकास और बेहतर भविष्य की उम्मीद में सरकार को समर्थन दिया था, लेकिन लगातार बढ़ती महंगाई ने मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। विपक्ष ने भी ईंधन मूल्य वृद्धि को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है और राहत की मांग की है।
विशेषज्ञों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों, टैक्स संरचना और परिवहन लागत का सीधा असर पेट्रोल-डीज़ल के दामों पर पड़ता है। हालांकि आम जनता फिलहाल राहत की उम्मीद लगाए बैठी है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंत्री परिषद की बैठक
2047 के विजन और शासन सुधारों पर मंथन
प्रधानमंत्री मोदी ने मंत्रिपरिषद की लंबी बैठक में की कार्यों की समीक्षा।
नई दिल्ली, गुरुवार।
प्रधानमंत्री Narendra Modi ने गुरुवार को मंत्रिपरिषद की महत्वपूर्ण बैठक की, जिसमें केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों के कार्यों और उपलब्धियों की विस्तृत समीक्षा की गई। यह बैठक लगभग चार घंटे 30 मिनट तक चली।
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने सभी मंत्रियों से उनके विभागों के कामकाज की रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा तथा योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से मंथन किया। सूत्रों के अनुसार, बैठक में वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को लेकर विशेष चर्चा हुई।
इसके साथ ही ‘ईज़ ऑफ लिविंग’ यानी आम नागरिकों के जीवन को सरल और बेहतर बनाने के उपायों पर भी जोर दिया गया। शासन व्यवस्था में सुधार, पारदर्शिता बढ़ाने और सरकारी सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने जैसे मुद्दों पर मंत्रियों ने अपने सुझाव रखे।
प्रधानमंत्री ने सभी मंत्रालयों को जनकल्याणकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन तथा तेज गति से विकास कार्यों को आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। बैठक को सरकार की भविष्य की रणनीति तय करने के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
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